दिल की आग

जब आग लगती है दिल में किसी

एक मंज़िल को पाने की चाह में

तब चमकने लगती हैं आँखें उसकी

अपने मुकाम के इंतज़ार में ।

 

बिना कुछ बोले ये आँखें

बहुत कुछ बता जाती हैं ।

जलती है आग जिनके दिलों में उनकी आँखें

दूसरों के दिलों में भी आग भड़का जाती हैं ।

 

लफ़्ज़ों के जालों को बुनने से अच्छा

चलिए आँखों से आँखें मिलाकर तो देखें

मेरे दिल में जो आग जल रही है

क्या वह आपके दिल तक पहुँच रही है ?

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